ये कन्फर्म हो गया — ये breaking news है, कुछ घंटे पहले की। आज ही (25 जुलाई 2026) धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दिया है।
आखिरकार झुकना पड़ा, धर्मेंद्र प्रधान ने शिक्षा मंत्री पद से दिया इस्तीफा — पीएम मोदी को भेजी चिट्ठी, जंतर मंतर पर चल रहे प्रदर्शन के बाद आया ये बड़ा फैसला, जानिए पूरी कहानी
काफी दिनों से चल रहे दबाव और लगातार बढ़ते विरोध प्रदर्शन के बाद आखिरकार वो हो गया जिसकी मांग हफ्तों से हो रही थी। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है और शनिवार (25 जुलाई 2026) को खुद X पर पोस्ट करके इसकी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपना इस्तीफा सीधा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेज दिया है।
लंबे समय से विपक्ष और छात्र संगठन उनसे इस्तीफे की मांग कर रहे थे, और आखिरकार उन्होंने ये कदम उठा ही लिया। असल वजह जानने के लिए थोड़ा पीछे चलते हैं।
दरअसल प्रधान ने बताया कि 3 मई 2026 को हुई NEET-UG परीक्षा में गड़बड़ी की खबरें सामने आई थीं, जिसके बाद सरकार ने तुरंत मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी, परीक्षा रद्द करके दोबारा तारीख घोषित की, और अगले साल से इस परीक्षा को CBT यानी कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट मोड में कराने का फैसला भी लिया। इस दौरान सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता यही रही कि 20 लाख से ज़्यादा छात्रों की परीक्षा बिना किसी दिक्कत के पूरी हो सके।
राज्य सरकारों और ज़िला प्रशासन के सहयोग से आखिरकार 21 जून 2026 को दोबारा परीक्षा सफलतापूर्वक आयोजित हो गई, और 16 जुलाई को जब नतीजे घोषित हुए तो कई गरीब पृष्ठभूमि के मेधावी छात्रों को भी सफलता मिली। लेकिन इसके बावजूद कुछ लोगों द्वारा छात्रों को गुमराह करने की कोशिशों पर प्रधान ने अपने पोस्ट में दुख भी जताया।
उन्होंने साफ किया कि ये फैसला उनके लिए निजी इज़्ज़त का सवाल नहीं है। प्रधान ने कहा कि भारत की युवाशक्ति ही इस देश की असली ताकत है, और उन्होंने ये चिंता भी जताई कि जंतर-मंतर पर बनी स्थिति का कहीं राष्ट्र-विरोधी ताकतें फायदा न उठा लें।
इस्तीफे की खबर आते ही दिल्ली की राजनीति में हलचल मच गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद दिल्ली में सियासी हलचल बढ़ गई है और आगे की रणनीति को लेकर बड़े नेताओं के बीच मुलाकातों का दौर शुरू हो गया है।
पद छोड़ने के तुरंत बाद प्रधान ने एक और दिलचस्प कदम उठाया — उन्होंने अपने आधिकारिक X अकाउंट का बायो भी तुरंत अपडेट कर दिया।
फिलहाल के लिए इतना तय है कि लंबे समय से चल रहे इस विवाद का एक बड़ा अध्याय अब खत्म हो चुका है। लेकिन सवाल अभी भी बना हुआ है — अगला शिक्षा मंत्री कौन होगा, और जंतर मंतर पर चल रहा प्रदर्शन अब आगे किस दिशा में जाएगा?